माटी के मूर्ति से ताकेली मुसुकाई के भोजपुरी भजन लिरिक्स
माटी के मूर्ति से, ताकेली मुसुकाई के, त अजबे रूप सुहावन लागे, दुर्गा माई के, त अजबे रूप सुहावन लागे,...
Read moreDetailsमाटी के मूर्ति से, ताकेली मुसुकाई के, त अजबे रूप सुहावन लागे, दुर्गा माई के, त अजबे रूप सुहावन लागे,...
Read moreDetailsकितनी तरक्की हो गयी, दुनिया के हर घर मा, हम तुम यहाँ के यहाँ पड़े है, काकर पात्थर मा, अब...
Read moreDetailsजिसका कोई नहीं, बस एक है तू ही, सब पे पहरा तेरा जोगिया, मन के मंदिर में है, तू इस...
Read moreDetailsसुन्दर स्वपन सजल रहे, जल ढारे के मन भईल, सावन में कावर लेके बाबा, आबे के मन भईल।। काहे के...
Read moreDetailsकेलवा के पात पर, उगेलन सुरुजमल झांके ऊके, के करेलू छठ बरतिया से झांके ऊके, के करेलू छठ बरतिया से...
Read moreDetailsहे काली माय गोर लगाई छी, हुओं सहाय, हमरा देश पे सबके नज़र छै, सबके लिहो बचाय।। सब त तिरछी...
Read moreDetailsपटना के घाट पर, हमहु अरगिया देब, हे छठी मइया, हम ना जाइब दूसर घाट, देखब ऐ छठी मइया।। सूप...
Read moreDetailsहमनी के छोरी के, नगरिया नु हो, कहवा जयेबू ए माई, तु ही त हउ मोहे महतरिया नु हो, कईसे...
Read moreDetailsनैया डाल दें रे बरुआ, मैया उतरे पैले पार।। अरे काहे की नैया बनी माया, अरे मोरे राम रे बनी...
Read moreDetailsफुल बिछायब बाट, हे औथिन अम्बे मैया, चुनरी चढायब लाल, हे औथिन अम्बे मैया, पुष्प बिछायब बाट, हे औथिन अम्बे...
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